36 महीने में बनेगा राम मंदिर:चंपत राय बोले- नींव ऐसी हो कि मंदिर सदियों तक खड़ा रहे, स्टडी पूरी न होने की वजह से निर्माण में देरी हो रही

राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने कहा कि जिस दिन मंदिर बनना शुरू हो जाएगा, हम 36 से 39 महीनों में इसे पूरा कर देंगे। Source

Ram temple movement has restructured discourse, recast polity
Goswami Tulsidas — the real catalyst for the Ram Janmabhoomi movement
Ram Mandir News: No cement pillars, pillars of foundation of Ram temple will stand on ancient stones!

राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने कहा कि जिस दिन मंदिर बनना शुरू हो जाएगा, हम 36 से 39 महीनों में इसे पूरा कर देंगे।
Source – Bhaskar

अयोध्या में राम मंदिर की नींव रखने की तैयारी जोर शोर से चल रही है। इस संबंध में राम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने रविवार को कहा कि जिस दिन मंदिर बनना शुरू हो जाएगा, हम 36 से 39 महीनों में इसे पूरा कर देंगे। हम सोचते थे कि जून में ही मंदिर बनना शुरू हो जाएगा, लेकिन 7 महीने से स्टडी ही पूरी नहीं हो रही।

उन्होंने कहा कि जमीन के नीचे भुरभुरी बालू है या गहराई तक कोई मलबा भरा पड़ा है, इसलिए इसमें देरी हो रही है। उन्होंने बताया कि भव्य मंदिर की नींव ऐसी होनी चाहिए कि मंदिर सदियों तक खड़ा रहे। इसी को ध्यान मे रखते हुए काम किया जा रहा है।

लोड टेस्टिंग पर चल रहा रिसर्च
पिछले महीने अयोध्या में हुई मंदिर निर्माण समिति की बैठक में निखिल सोमपुरा की कंपनी के मेंबर्स के तौर पर उनके छोटे भाई आशीष सोमपुरा भी शामिल हुए थे। तब भी मंदिर स्थल के 200 फीट नीचे मिली बालू की लेयर को लेकर मुद्दा उठा था।

सोमपुरा ने बताया था कि उनकी कंपनी 100 के करीब मंदिरों का निर्माण कर चुकी है। सभी मंदिरों की नींव के पिलर पत्थरों के ही बने हैं। लेकिन राम मंदिर की नींव की सतह पीली मिट्टी की न होकर रेत की मिली है। ऐसे में पाइलिंग टेस्ट और लोड टेस्ट के बाद काफी रिसर्च करना पड़ रहा है।

टेस्टिंग में पिलर धंस गए थे
हाल ही में यहां लोड टेस्टिंग के दौरान पिलर 2 से 5 इंच तक धंस गए थे। मंदिर की नींव की सतह पर 200 फीट नीचे पीली मिट्टी नहीं, रेत मिली थी। नींव की मजबूती के लिए पाइलिंग टेस्ट किया जा रहा था और जब पिलर पर भार डाला गया तो वह धंस गया था।

1100 करोड़ में बनकर तैयार होगा कॉम्प्लेक्स
इससे पहले ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष स्वामी गोविंद देव गिरि ने पिछले हफ्ते कहा था कि मुख्य मंदिर समेत पूरा कॉम्प्लेक्स बनाने में करीब 11 सौ करोड़ रुपए का खर्च आएगा। वहीं, मुख्य मंदिर बनाने में करीब 400 करोड़ का खर्च आएगा। उन्होंने कहा था कि इस समय मंदिर ट्रस्ट के खाते करीब 100 करोड़ रुपए का डोनेशन जमा हो चुका है।

मकर सक्रांति से चलेगा धन संग्रह का अभियान
उन्होंने बताया था कि अब मंदिर के लिए अनुमानित फंड की व्यवस्था की जानी है। इसके लिए मकर संक्रांति से धन संग्रह अभियान पूरे देश में चलेगा। इसमें करीब 60 करोड़ लोगों से संपर्क किया जाएगा। अभियान 27 फरवरी तक चलेगा।

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