राम हमारे मन में गढ़े हुए हैं ,हमारे भीतर घुले मिले , प्रेरक और संस्कृति के आधार, इमारतें नष्ट हुईं ,अस्तित्व मिटाने के  प्रयास हुए  किन्तु मर्यादा पुरुषोत्तम आज भी विद्यमान

राम हमारे मन में गढ़े हुए हैं ,हमारे भीतर घुले मिले , प्रेरक और संस्कृति के आधार, इमारतें नष्ट हुईं ,अस्तित्व मिटाने के प्रयास हुए किन्तु मर्यादा पुरुषोत्तम आज भी विद्यमान

राम हमारे मन में गढ़े हुए हैं ,हमारे भीतर घुले मिले , प्रेरक और संस्कृति के आधार इमारतें नष्ट हुईं ,अस्तित्व मिटाने के प्रयास हुए किन्तु मर्यादा पुरुषोत्तम आज भी विद्यमान Posted by AyodhyaFacts on Saturday, 8 August 2020

अयोध्या आना बड़ा स्वाभाविक था क्योंकि ‘राम काज कीन्हें बिनु, मोहि कहां विश्राम’ भारत आज भगवान् भास्कर के सान्निध्य में सरयू के किनारे रच रहा स्वर्णिम इतिहास -नरेंद्र मोदी
श्रीरामजन्मभूमि के चारों तरफ होगा विकास
प्रेस वक्तव्य: एक सशक्त व गौरव शाली भारत का आधार बनेगा श्री राम मंदिर: डॉ सुरेन्द्र जैन नई दिल्ली, अगस्त 1, 2020

राम हमारे मन में गढ़े हुए हैं ,हमारे भीतर घुले मिले , प्रेरक और संस्कृति के आधार इमारतें नष्ट हुईं ,अस्तित्व मिटाने के प्रयास हुए किन्तु मर्यादा पुरुषोत्तम आज भी विद्यमान

Posted by AyodhyaFacts on Saturday, 8 August 2020

COMMENTS

WORDPRESS: 0
DISQUS: 0